आत्मा द्वारा दिनांक 26 मई को कला भवन,बक्सर में किया गया खरीफ महाभियान का आयोजनबक्सर: सदर प्रखंड स्थित कला भवन,बक्सर में दिन वृहस्पतिवार को कृषि प्रौद्योगिकी प्रबंध अभिकरण’’आत्मा’’ द्वारा खरीफ महाभियान 2022 का शुभारम्भ किया गया। महाभियान का उद्घाटन माननीय कृषि मंत्री श्री अमरेन्द्र प्रताप सिंह ने दीप प्रज्जवलित कर की वहीं मंच संचालन अमान अहमद द्वारा की गई। मुख्य अतिथि श्री अमरेन्द्र प्रताप सिंह ने महाभियान को सम्बोधित करते हुए कहा कि आत्मा द्वारा आयोजित खरीफ अभियान का आगाज सराहनीय है, परंतु सरकार द्वारा कृषि विभाग के लिए निर्धारित बजट को पारदर्शी तरिके से किसानों तक पहुॅंचाना ही अंतिम उदेश्य के रुप में केन्द्रित कर सभी कृषि कर्मियों को कार्य करना होगा,तभी किसानों का सर्वांगीण विकास होगा। वर्तमान में सरकार द्वारा अनेक योजनायें संचालित हैं, जिसके प्रचार-प्रसार हेतु नुक्कड़ नाटक, डॉक्यूमेन्टरी फिल्म, तकनीकी साहित्य, एलईडी युक्त रथ इत्यादि के माध्यम से कृषकों को जागरुक किया जा रहा है। उन्होंने प्राकृतिक खेती के महत्व को बताते हुए कहा कि एक देशी गाय के गोबर व मूत्र का प्रयोग कर लगभग 30 एकड़ प्रक्षेत्र में खेती किया जा सकता है। इस प्रकार के खेती से मृदा, वायुमंडल, पानी को स्वच्छ रखते हुए अमृत समान अनाज का उत्पादन किया जा सकता है। इस प्रकार के खेती से रसायनिक उर्वरकों पर निर्भरता कम होगी। पंजाब राज्य का उदाहण देते हुए कहा कि रसायनिक उर्वरकों के अत्यधिक उपयोग से कैंसर ट्रेन चलाना पड़ा। अगर समय रहते हम जागरुक हो जाय तो ऐसी परिस्थिति उत्पन्न नहीं होगी। आगे उन्होंने फसल अवशेष प्रबंधन पर चर्चा करते हुए कहा कि किसान जानकारी के अभाव में रबी या खरीफ फसल की कटाई उपरांत फसलों के अवशेष को जला देते हैं, जिससे मृदा के बंजर होने के साथ-साथ वायुमंडल भी प्रदूषित हो रहा है। अगर अत्याधुनिक कृषि यंत्रों का प्रयोग कर फसल अवशेष को मवेशी के चारे के रुप में इस्तेमाल करें तो मृदा व वायुमंडल की रक्षा करते हुए लाभदायक पशुओं के चारे की पूर्ति कर सकते हैं। जिला कृषि पदाधिकारी श्री मनोज कुमार ने कहा कि वर्तमान वितीय वर्ष में खरीफ फसल हेतु कुल 115463 हेक्टेयर आच्छादन का लक्ष्य है। आगे उन्होंने कहा कि जिले में खरीफ मौसम में कुल 3032 क्वींटल बीज अनुदानित दर पर उपलब्ध कराया जायेगा, जिसके लिए किसानों को डीबीटी पोर्टल पर ऑनलाईन आवेदन करना होगा। ऑनलाईन आवेदन के उपरांत उपादान शिविर में ओटीपी या बायोमैट्रिक प्रणाली का उपयोग कर किसानों को उन्नत किस्म का बीज मुहैया कराया जायेगा। उन्होंने कहा कि कृषि विभाग की सभी योजनाओं में नियमानुसार विभागीय कार्यान्वयन अनुदेश के आलोक मेंकिसानों को लाभान्वित किया जाना है। इसके लिए प्रखंड स्तर पर कार्यरत सभी कृषि कर्मी लक्ष्य आधारित कार्य करें, अन्यथा जिसके स्तर से सम्बंधित कार्य लंबित होगा, उस कर्मी पर दण्डात्मक कार्रवाई की जायेगी। आगामी 27 मई से 06 जून तक जिले के सभी प्रखंडो में प्रखंस्तरीय खरीफ महाभियान का आयोजन किया जायेगा। बीटीएम्,एटीम,कृषि समन्वयक व किसान सलाहकार को कृषक के बीच प्रखंस्तरीय खरीफ अभियान के प्रचार प्रसार की जवाबदेही दी गई है। पटना से नोडल पदाधिकारी के रुप में नामित उप निदेशक,उद्यान डॉ. राजेश कुमार ने खरीफ महाभियान पर प्रकाश डाला। खरीफ फसलों पर तकनीकी जानकारी केवीके,बक्सर के प्रधान एवं वरीय वैज्ञानिक श्री हरिगोविंद, मृदा विशेषज्ञ डॉ देवकरण, पादप सुरक्षा विशेषज्ञ रामकेवल, व शष्य विशेषज्ञ श्री मंधाता सिंह द्वारा दी गई। महाभियान में अध्यक्ष, जिला परिषद श्रीमती विद्या भारती, प्रदेश अध्यक्ष, पंचायती प्रकोष्ठ,बीजेपी श्री ओमप्रकाश भुवन, जिलाध्यक्ष,बीजेपी श्रीमती माधुरी कुॅंवर, जिला परिषद सदस्य बंटी शाही, राज्य कार्यकारिणी सदस्य,बीजेपी श्री परशुराम चतुर्वेदी ने अपने-अपने विचार रखें। मौके पर संजय सिंह राजनेता, भरत प्रधान, शिवजी खेमका, सहित सभी सहायक निदेशक, उप परियोजना निदेशक, बीएओ, जिलास्तरीय आत्माकर्मी,बीटीएम,एटीएम,किसान सलाहकार सहित बीएफएसी के अध्यक्ष व प्रगतिशील कृषक उपस्थित थे।