पूर्व आईपीएस आनंद मिश्रा लोक सभा चुनाव में बक्सर में आए थे उनके आने से काफी समीकरण बदल गया एक निर्दलीय उम्मीदवार के तौर पर उन्होंने अपनी पारी की शुरुआत की बक्सर लोकसभा संसदीय क्षेत्र से तकरीबन 50000 वोट उन्हें प्राप्त हुए जिससे उनका दमखम दिखा क्योंकि निर्दलीय उम्मीदवार 5 हजार या 10 हजार वोट में ही सिमट जाते हैं पर यह सीट बीजेपी की पुरानी सीट कही जाती है कई समय से भाजपा सांसद हैं यहां से बनते हैं पर आनंद मिश्रा के आने के बाद यह समीकरण गड़बड़ हो गया और राजद के सांसद बन गए आनंद मिश्रा ने पिछली बार भी प्रयास किया था कि भाजपा से उन्हें टिकट मिले पर ऐसा दुर्भाग्यपूर्ण ना हो सका जिससे यह सीट भाजपा को गंवानी पड़ी विधानसभा चुनाव में भाजपा फूक फूक कर कदम रख रही है इसी कड़ी में आनंद मिश्रा को भाजपा अपने खेमे में करना चाहती है कुछ दिन पहले आनंद मिश्रा जन सुराज के साथ भी जुड़े हुए थे युवा प्रदेश अध्यक्ष के तौर पर कार्य कर रहे थे पर बक्सर की तरफ उनका झुकाव उस समय भी था आज भी है यही वजह है कि भाजपा भी उनसे नजदीकी बढ़ाना चाहती है।