
धार्मिक सद्भावना के प्रतीक थे पूज्य यमुना दास : प्रपन्नाचार्य जी महाराज
धार्मिक सादगी के साथ मनाया गया प्रथम पुण्यतिथि
बक्सर _ सनातन धर्म प्रचारक के रूप में विख्यात बसांव मठिया के पूर्व व्यवस्थापक सह श्री निवास मुकुंद रामानुज संस्कृत महाविद्यालय के पूर्व अध्यक्ष यमुना दास जी की प्रथम पुण्यतिथि धार्मिक सद्भावना के साथ वसांव कला मठिया प्रांगण में सादगी से मनाया गया।इस अवसर वसांव मठ के पीठाधीश्वर श्री श्री 1008 श्री परमपूज्य अच्युतप्रपन्नाचार्य जी महाराज ने यमुना दास जी के तैल्य चित्र पर पुष्प अर्पित किए ।मौके पर श्री प्रपन्नाचार्य जी महाराज ने कहा कि गो लोक में विराजमान पूज्य यमुना दास जी लगातार तीन गद्दी से मठिया की सेवा काफी लगन से किए साथ ही सनातन धर्म के प्रचार में हमेशा लगे रहे ।इन्होंने संस्कृत भाषा के उत्थान के लिए हमेशा प्रयास किया ।पूज्य श्री ने कहा कि इनकी यादगार में मठिया प्रांगण में जल्द ही मूर्ति स्थापित की जाएगी।इस अवसर पर दर्जनों लोगों ने पुष्प अर्पित कर श्रद्धांजलि अर्पित किए।श्रद्धांजलि अर्पित करने वालों में श्री निवास मुकुंद रामानुज संस्कृत महाविद्यालय के प्राचार्य डॉ उमा शंकर पांडेय,प्राचार्य डॉ उमेश चौबे, डॉ ओम प्रकाश ,डॉ रितेश पाठक, , दिना नाथ पांडेय,मठिया के प्रबंधक पुरुषोत्तम तिवारी,मंदिर के पुजारी मनोज पांडेय,शिवानंद चौबे, जगदीश द्विवेदी ,विश्वक्सेन दास,संजय पांडेय,विगन तिवारी, के साथ दर्जनों गणमान्य लोग मौजूद थे।