
जिले के सभी उर्वरक प्रतिष्ठानों के खोलने एवं बंद करने का समय होगा दर्ज
दिनांक 19 नवंबर को जिलास्तरीय उर्वरक निगरानी समिति की बैठक में दिया गया निदेश
बक्सर: जिले में उर्वरक वितरण व्यवस्था को सुदृढ़ करने हेतु दिन शनिवार को समाहरणालय,बक्सर में जिलास्तरीय उर्वरक निगरानी समिति की बैठक आयोजित की गई। बैठक की अध्यक्षता जिला पदाधिकारी श्री अमन समीर ने किया। माननीय विधायक श्री अजीत कुमार सिंह ने कहा कि रबी मौसम में यूरिया एवं डीएपी की अत्यधिक मांग रहती है। इस परिस्थिति में अगर मांग के अनुरुप जिले में उर्वरक की आपूर्ति नहीं हो रही है तो इस मद्येनजर अतिरिक्त डीएपी एवं यूरिया उर्वरक की मांग की जाय। इस समस्या को माननीय विधायक,ब्रम्हपुर श्री शम्भूनाथ यादव एवं माननीय विधायक,राजपुर श्री विश्वनाथ राम ने समिति के सदस्यों के बीच अवगत कराया। इस पर जिला पदाधिकारी ने जिला कृषि पदाधिकारी श्री मनोज कुमार को यूरिया व डीएपी के अतिरिक्त आवंटन की मांग करने हेतु उच्चाधिकारी को पत्र लिखा जाय। समिति के माननीय सदस्यों द्वारा सुझाव दिया गया कि बक्सर रैंक बिन्दु पर ही उर्वरक वितरण की व्यवस्था सुनिश्चित की जाय, क्योंकि बक्सर रैक बिंदु के अलावा दूसरे रैक बिंदु पर उर्वरक की आपूर्ति होने से अत्यधिक परिवहन खर्च व्यय करना पड़ता है। इस पर समिति के अध्यक्ष डीएम श्री अमन समीर द्वारा डीएओ को पत्राचार करने का निर्देश दिया गया। समिति के सदस्यों के सवाल पर जिला कृषि पदाधिकारी श्री मनोज कुमार ने बताया कि पंचायत स्तर पर पदस्थापित सभी कृषि समन्वयक को विभाग द्वारा उर्वरक निरीक्षक घोषित किया गया है। सम्बंधित क्षेत्र के किसानों द्वारा उर्वरक बिक्रेता पर शिकायत किये जाने पर कृषि समन्वयक द्वारा विधिसम्मत कार्रवाई की जायेगी। अगर ऐसा पाया जाता कि कृषि समन्वयक ने संबंधित उर्वरक बिक्रेता पर कोई कार्रवाई नहीं की तो उनपर कड़ी कार्रवाई की जायेगी। सभी कृषि समन्वयक सम्बंधित पंचायत के सभी उर्वरक बिक्रेताओं के दुकान का खुलने एवं बंद करने का समय दर्ज करेंगे। किसानों के लिए उर्वरक सम्बंधी शिकायत दर्ज कराने हेतु जिला नियंत्रण कक्ष का गठन किया गया है, जिसके नोडल अधिकारी के रुप में श्री शेखर किशोर, सहायक निदेशक,फसल प्रक्षेत्र नामित है। जिला नियंत्रण कक्ष का संपर्क सूत्र 9198879787, 7903767773 तथा 9473081675 है। इन मोबाईल नम्बर पर किसान उर्वरक से सम्बंधित शिकायत दर्ज करा सकते है। समिति में पराली प्रबंधन पर चर्चा की गई। समिति के सदस्यों को अवगत कराया गया कि पराली जलाने वाले किसानों पर सीआरपीसी की धारा 133 के तहत कार्रवाई के साथ-साथ पराली जलाने वाले किसान एवं उनके परिवार का किसान पंजीकरण तीन वर्षो के लिए ब्लाॅक कर दिया जायेगा, जिससे सम्बंधित एवं उनके परिवार कृषि विभाग की कोई भी योजना का लाभ नहीं ले पायेंगे। बैठक में माननीय जिला पर्षद अध्यक्ष श्रीमती विद्या भारती, माननीय सदस्य,डुमराॅंव विधान सभा श्री अजीत कुमार सिंह, माननीय सदस्य,ब्रम्हपुर विधान सभा श्री शम्भूनाथ यादव, माननीय सदस्य,राजपुर विधानसभा श्री विश्वनाथ राम, बीजेपी के परशुराम चतुर्वेदी, जिला सहकारिता पदाधिकारी एवं अन्य प्रतिनिधि उपस्थित थे।