जिला पदाधिकारी बक्सर, डॉ विद्यानंद सिंह एवं पुलिस अधीक्षक बक्सर, श्री शुभम आर्य के द्वारा वन स्टॉप सेंटर का संयुक्त निरीक्षण किया गया।
वर्तमान में वन स्टॉप सेंटर का कार्यालय बक्सर सदर प्रखंड परिसर में अपने भवन में संचालित है।
जिला पदाधिकारी द्वारा केन्द्र प्रशासक को निर्देश दिया गया कि वादों का निष्पादन गुणवतापूर्ण कराएंगे। पीडित महिलाओं को सभी प्रकार की सहायता सुनिश्चित करेंगें।
केन्द्र प्रशासक को निर्देश दिया गया कि सभी प्रमुख चौक-चौराहों के साथ साथ ग्रामीण क्षेत्रों में वन स्टॉप सेंटर के माध्यम से दी जाने वाली सुविधाओं के बारे में प्रचार प्रसार कराना सुनिश्चित करेंगे।
ग्रामीण क्षेत्रों में भी पीडित महिलाओं तक पहुच कर उनका काउसलिंग करने एवं सहायता उपलब्ध कराने का निर्देश दिया गया।
पुलिस अधीक्षक के द्वारा निर्देश दिया गया कि थानाध्यक्षों के साथ होने वाले बैठक में उपस्थित रहकर समन्वय स्थापित करेंगे एवं महिलाओं के विरूद्ध किसी प्रकार के हिंसा के विरूद्ध सूचनाओं का आदान-प्रदान कर कार्रवाई करना सुनिश्चित करेंगे।
*जानिए वन स्टॉप सेंटर के बारे में:-*
वन स्टॉप सेंटर में किसी भी प्रकार की हिंसा से प्रभावित पीडित महिलाओं को एक छत के नीचे चिकित्सकीय, कानूनी, मनोसामाजिक परामर्श एंव अधिकतम 05 दिनों की अल्पावास सुविधा उपलब्ध कराया जाता है। इसके साथ ही विभिन्न विभागों से समन्वय स्थापित कर पीडित महिलाओं को विभिन्न योजनाओं/कानूनों का लाभ प्रदान किया जाता है।
वन स्टॉप सेंटर में घरेलू हिंसा, दहेज प्रताडना, बाल विवाह, यौन शोषण एवं अन्य से संबंधित कुल 94 मामलें वर्ष 2025-26 में प्राप्त हुए है। इनमें से 81 मामलों का निष्पादन कर दिया गया है।
निरीक्षण के क्रम में जिला प्रोग्राम पदाधिकारी आईसीडीएस बक्सर, जिला परियोजना प्रबंधक, जिला मिशन समन्वयक एवं अन्य कर्मी उपस्थित थे।