
जिला पदाधिकारी बक्सर श्री अमन समीर की अध्यक्षता में भूमि विवादों के निपटारा हेतु किए जा रहे कार्यों की समीक्षात्मक बैठक समाहरणालय सभागार में वीडियो कॉन्फ्रेसिंग के जरिए आहूत की गई। वीडियो कॉन्फ्रेसिंग के जरिए जिले के सभी अंचलाधिकारी, थाना प्रभारी, अनुमण्डल पदाधिकारी बक्सर/डुमराँव एवं डी0सी0एल0आर0 डुमराँव एवं सभागार में अपर समाहर्ता बक्सर, डी0सी0एल0आर0 बक्सर, प्रभारी पदाधिकारी राजस्व शाखा, डी0एस0पी0 मुख्यालय उपस्थित थे। बैठक के सम्बोधित करते हुए जिला पदाधिकारी महोदय ने कहा कि भूमि विवादों के कारण विधि-व्यवस्था की समस्या उत्पन्न होने की आशंका बनी रहती है, इससे सामाजिक समरसता भी प्रभावित होती है। सरकार के कार्यों में भूमि विवादों के निपटारा को सर्वोच्च प्राथमिकता दी गई है अतएव सभी अंचलाधिकारी, थाना प्रभारी, अनुमण्डल पदाधिकारी एवं डी0सी0एल0आर0 भी इसे सर्वोच्च प्राथमिकता दें। दखल देहानी की समीक्षा करते हुए पर्चाधारियों को हर हाल में जमीन पर दखल दिलाने का सख्त निर्देश उपस्थित सभी पदाधिकारीगणों को दिया गया। सरकारी जमीनों पर अतिक्रमण करने वालों के विरूद्ध कठोर कार्रवाई करते हुए सरकारी जमीनों को अतिक्रमण से मुक्त कराने का निर्देश दिया गया। इसके लिए अनुमण्डल पदाधिकारी को अपने क्षेत्रान्तर्गत सभी अंचलों के अतिक्रमण को हटाने हेतु मासिक कैलेण्डर बनाने को निदेशित किया गया। अतिक्रमण हटाने के पश्चात पुनः अतिक्रमण न हो इसकी जबावदेही थाना प्रभारी की होती है। अतः थाना प्रभारी को इस संबंध में सजग रहने का निर्देश दिया गया। भूमि विवाद से संबंधित प्राप्त सभी तरह के परिवाद पत्रों पर प्राथमिकता के तौर पर कार्रवाई करने का निर्देश दिया गया। सरकार से प्राप्त निर्देश के आलोक में अनुसूचित जाति/जनजाति से संबंधित भूमि विवादों का हल प्राथमिकता के तौर पर करने का निर्देश दिया गया। डी0सी0एल0आर0 बक्सर एवं डुमराँव को जमीन मापी हेतु प्राप्त आवेदनों के निस्तार की स्थिति की साप्ताहिक समीक्षा करने का निर्देश दिया गया। जिस जमीन पर किसी भी प्रकार का विवाद न हो उस जमीन की मापी अनुरोध प्राप्त होने पर पन्द्रह दिनों के अंदर निश्चित रूप से मापी कराकर प्रतिवेदन उपलब्ध कराने का निर्देश दिया गया। भू-अर्जन से संबंधित वैसे भूमि विवाद जो किसी कोर्ट अथवा आर्बिट्रेशन में लंबित नहीं है उसे 30 जुलाई तक निपटाने का निर्देश जिला पदाधिकारी महोदय के द्वारा दिया गया।