जिला मुख्यालय के सभागार में भारत के रक्षा सचिव ई डब्लू एस डाक्टर नितिन चन्द्रा का बक्सर जिला के सैकड़ों पूर्व सैनिकों के साथ मीटिंग हुई जिसमे डी जी आर मेजर जनरल एस बी के सिंह, बिहार राज्य सैनिक कल्याण निदेशालय के निदेशक ब्रिगेयर मृगेंद्र सिंह तथा जिला पदाधिकारी माननीय अंशुल अग्रवाल साहब मौजूद रहे । मंच संचालन जिला सैनिक कल्याण पदाधिकारी माननीय आदित्य कुमार ने की । सैनिक संघ बक्सर के निर्देशक डाक्टर मेजर पी के पाण्डेय साहब द्वारा सैनिकों के निम्न मांगो जैसे की :-
1 एक ही भवन में कैंटीन , सोल्जर बोर्ड, ई सी एच एस और सैनिक आरामगृह की सुविधाएं हो ।
2 राज्य स्तर नौकरियों में आरक्षण की सुविधाएं हो जो बिहार में नही है बाकी राज्य में दी जा रही है ।
3 बक्सर के इंपैनल्ड अस्पताल के रूप में मां मुंडेश्वरी अस्पताल , बी के ग्लोबाल अस्पताल, और महाशिवरात्रि अस्पताल को किया जाय ।
4 केंद्रीय विद्यालय की अपनी जमीन मुहैया कराई जाय ।
5 जमीन रजिस्ट्री फीस को 20 लाख तक मुफ्त किया जाय जो की उत्तर प्रदेश में की जा रही है ।
6 जिला पदाधिकारी के साथ सैनिकों की समस्याओं को सुनने के लिए अनुश्रवण समिति की गठन की जाय जो हर तीन माह पर मीटिंग हो ।
इन सभी मांगों को मेमोरेंडम देकर लिखित रूप में सुपुर्द किया गया । डी जी आर मेजर जनरल एस बी के सिंह और
ब्रिगेडियर मृगेंद्र सिंह द्वारा सैनिकों को मिलने वाली हर सुविधाओ से अवगत कराया गया ।जिलाध्यक्ष सूबेदार हरेंद्र तिवारी द्वारा सैनिकों की समस्याओं पर चर्चा की गई । अंत में जिला पदाधिकारी अंशुल अग्रवाल द्वारा धन्यवाद ज्ञापन किया गया । मौके पर उपाध्यक्ष जे पी सिंह, सभापति कैप्टन बी एन पाण्डेय, उपाध्यक्ष सूबेदार विद्या सागर चौबे, उपाध्यक्ष लेफ्टिनेंट आर बी ओझा, कोषाध्यक्ष सूबेदार मेजर आर बी सिंह, महा सचिव कैप्टन श्री निवास सिंह, उप कोषाध्यक्ष सुरेंद्र सिंह,चेयरमैन अलख नारायण श्रीवास्तव, इटाढ़ी प्रखंड अध्यक्ष हरिहर सिंह, फूल बदन सिंह, शिव मुनि राय राय, कमलेश्वर राय, चौगाई प्रखंड अध्यक्ष कैप्टन कन्हैया पंडित , ब्रह्मपुर प्रखंड अध्यक्ष कमलेश सिंह, राजपुर प्रखंड अध्यक्ष चंद्रजीत सिंह यादव, चौसा प्रखंड अध्यक्ष हरी वंश यादव, नवानगर प्रखंड अध्यक्ष शिव चरण सिंह , तारा बाबू, काशी नाथ उपाध्याय, धनंजय दुबे, श्रीकांत यादव, सीता राम साहू, राधा मोहन पासवान, रवि कांत राय,
राजेंद्र चौबे, अशोक उपाध्याय , नारद यादव , राम इकबाल सिंह एवम सैकड़ों पूर्व सैनिक