
जिला पदाधिकारी बक्सर श्री अमन समीर की अध्यक्षता में औद्योगिक नव प्रवर्तन की समीक्षात्मक बैठक समाहरणालय अवस्थित कार्यालय कक्ष में आहूत की गई।**1. जिला औद्योगिक नव प्रवर्तन योजना अंतर्गत कुशल श्रमिकों का योजनाओं का संचालन हो रहा है।* *(i) कंबल निर्माण क्लस्टर**(ii) रेडीमेड गारमेंट क्लस्टर**(iii) मशरूम उत्पादन क्लस्टर**(iv) मधु उत्पादन क्लस्टर**2. जिला पदाधिकारी महोदय ने जिला औद्योगिक नव प्रवर्तन योजना अंतर्गत विभिन्न संभावित योजनाओं के संबंध में सदस्यों से चर्चा की जिसे कलस्टर के रूप में विकसित किया जा सके।**3. जिला पदाधिकारी महोदय ने जिला औद्योगिक नव प्रवर्तन योजना अंतर्गत मेंथा ऑयल एक्सट्रैक्शन के लिए मशीन का अतिशीघ्र नियमानुकूल क्रय करने का निर्देश दिया।**4. विदित हो कि जिला औद्योगिक नव प्रवर्तन योजना अंतर्गत कुशल श्रमिकों का स्वयं सहायता समूह तैयार कर उन्हें कलस्टर के रूप में विकसित किया जाना है। इसके अंतर्गत नव प्रवर्तन युक्त लघु कार्य जैसे सिलाई केंद्र, हथकरघा बुनाई केंद्र, बढ़ाईगिरी, कार्य इत्यादि।**5. जिला पदाधिकारी महोदय के निर्देश के आलोक में इच्छुक व्यक्तियों से यह कहा जाता है कि यदि वो लघु कार्य में जो क्लस्टर के रूप में विकसित किया जा सके उसके संबंध में अपना प्रेजेंटेशन देना चाहते हैं तो वह उप विकास आयुक्त महोदय की अध्यक्षता में गठित कमेटी के सामने वह योजना से संबंधित अपना प्रेजेंटेशन 22 दिसंबर 2021 को देंगे।**I. क्या करना चाहते हैं ,**लागत मूल्य कितना होगा,* *व्यापार का मॉडल,* *मार्केट का पोटेंशियल , इत्यादि। इस योजना अंतर्गत प्रत्येक कलस्टर को अधिकतम 1000000 रुपए की सहायता राशि दी जाएगी।**II. साथ ही एक सामान्य सुविधा केंद्र का निर्माण कराया जाएगा जहां पर विभिन्न कलस्टरो के द्वारा उत्पाद सामग्री का विपणन एवं मार्केटिंग की सुविधाएं एक ही जगह उपलब्ध कराई जा सके।**III. स्वयं सहायता समूह के सदस्यों ,जो बैंक से विभिन्न योजनाओं के अंतर्गत ऋण लेना चाहते हैं नियमानुकुल ऋण लेने की सुविधा उपलब्ध कराई जाएगी।**IV. इस योजना का मुख्य उद्देश्य अधिक से अधिक कुशल श्रमिकों को स्वावलंबी बनाकर स्वरोजगार उपलब्ध कराना है।**6. बैठक में उप विकास आयुक्त बक्सर, जिला कृषि पदाधिकारी बक्सर, डीआरडीए निदेशक बक्सर, वरीय उप समाहर्ता (विधि शाखा) बक्सर, महाप्रबंधक जिला उद्योग केंद्र बक्सर, जिला योजना पदाधिकारी बक्सर, कृषि विज्ञान केंद्र के वैज्ञानिक, नाबार्ड के प्रतिनिधि एवं अन्य पदाधिकारी उपस्थित थे।