
जिला पदाधिकारी बक्सर श्री अमन समीर की अध्यक्षता में फसल अवशेष प्रबंधन के संबंध में हार्वेस्टर मालिक/चालक के साथ बैठक समाहरणालय अवस्थित सभागार में आहूत की गई।**1. जिला पदाधिकारी महोदय ने निर्देश दिया कि हार्वेस्टर संचालक विभाग से अनुमति पत्र एवं एसएमएस यंत्र लगाकर ही हार्वेस्टर का संचालन करें।**2. बक्सर जिले में धान फसल की सर्वाधिक खेती होती है। इनकी कटाई ज्यादातर कम्बाईन हार्वेस्टर के द्वारा की जाती है। धान की पैदावार के साथ-साथ पराली भी पैदा होता है। अधिकतर किसान हार्वेस्टर से धान की कटाई कर पराली को जला देते हैं। जिससे मिट्टी की उर्वरा शक्ति में ह्रास के साथ वायुमंडल भी प्रदूषित हो रहा है।**3. पराली प्रबंधन हेतु विभिन्न प्रकार के यंत्रों पर सरकार द्वारा आकर्षक अनुदान दिया जा रहा है। जिसका प्रयोग कर मिट्टी की उर्वरा शक्ति को बरकरार रखते हुए मानव जीवन को भी सुरक्षित रख सकते हैं।**4. पराली जलाने को लेकर सरकार द्वारा इसे गंभीरता से लेते हुए दण्डात्मक कार्रवाई की तैयारी में है। पराली जलाने वाले व्यक्तियों की निगरानी विभाग द्वारा सेटेलाईट के माध्यम से की जा रही है।**5. जिला पदाधिकारी महोदय ने हार्वेस्टर मालिकों को सख्त हिदायत दिया गया कि खेतों में धान की कटाई के पूर्व कृषि विभाग द्वारा हार्वेस्टर संचालन हेतु अनुमति-पत्र (पास) निर्गत कराना अनिवार्य होगा। पास निर्गत कराने हेतु हार्वेस्टर मालिक अपने हार्वेस्टर के आवश्यक कागजात के साथ आधार कार्ड तथा हार्वेस्टर चलाने वाले व्यक्ति का ड्राईविंग लाईसेंस एवं चालक के आधार कार्ड सम्बंधित पंचायत के कृषि समन्वयक को उपलब्ध करायेंगे।**6. इसके उपरांत कृषि विभाग द्वारा पास निर्गत किया जायेगा। बिना पास के हार्वेस्टर द्वारा फसल कटाई करने वाले पर दण्डात्मक कार्रवाई की जायेगी। बिना निबंधन के हार्वेस्टर होने पर जिला पदाधिकारी महोदय ने कहा कि हार्वेस्टर मालिक अविलंब जिला परिवहन कार्यालय से निबंधन करा लें, अन्यथा अनिबंधित हार्वेस्टर संचालित करते पाये जाने पर कार्रवाई की जायेगी।**7. जिला पदाधिकारी महोदय ने पराली प्रबंधन करने वाले एसएमएस यंत्र पर चर्चा करते हुए बताया कि सभी हार्वेस्टर मालिक को अपने हार्वेस्टर में एसएमएस यंत्र लगाना अनिवार्य होगा साथ ही हार्वेस्टर किस क्षेत्र में चल रहा है, इसकी जानकारी लेने हेतु सभी हार्वेस्टर मालिक जीपीएस यंत्र भी लगाना सुनिश्चित करेंगे। इसके विपरित बिना पास एवं एसएमएस यंत्र के हार्वेस्टर चलाने पर सम्बंधित हार्वेस्टर मालिक पर कार्रवाई की जायेगी।**8. बैठक में जिला कृषि पदाधिकारी श्री मनोज कुमार एवं सभी प्रखंडों के प्रखंड कृषि पदाधिकारी उपस्थित थे।