
आधार कार्ड व किसान पंजीकरण द्वारा ही किसानों को मिलेगा उर्वरक-डीएओजिले में 2852.74 मै.टन डीएपी दो दिनों के अंदर बक्सर रैक प्वाईंट पर पहुॅंचने की सम्भावनाबक्सर: जिले में उर्वरक की किल्लत के बीच राहत भरी खबर है। जिला कृषि पदाधिकारी श्री मनोज कुमार ने बताया कि अब किसानों को उर्वरक उठाव के लिए आधार कार्ड तथा किसान पंजीकरण लेकर आना होगा। उन्होंने बताया कि किसान के साथ-साथ अन्य लोग भी कतार में उर्वरक के लिए अनावश्यक भीड़ लगाते थे, जिससे वास्तविक किसानों को उर्वरक नहीं मिल पाता था। इस परिस्थिति में वास्तविक किसानों को ही उर्वरक मिलें, इसके लिए नई व्यवस्था में उर्वरक उठाव करने के लिए किसानों को आधार कार्ड के साथ-साथ किसान पंजीकरण भी साथ रखना अनिवार्य होगा। उर्वरक की उपलब्धता पर डीएओ श्री मनोज कुमार ने बताया कि जिले में दो दिनों के अंदर बक्सर रैक प्वाईंट पर ईफको का 2358 मैट्रिक टन डीएपी, सीएफसीएल का 60 मै.टन डीएपी, पीपीएल का 434.74 मैटन डीएपी एव 65.26 मैटन एनपीके, एनएफएल का 1508 मैटन यूरिया व 125 मैटन म्यूरेट ऑफ पोटाश आने की सम्भावना है। जिले में उपरोक्त मात्रा में उर्वरक उपलब्ध हो जाने से किसानों को सुगमता से उर्वरक उपलब्ध हो सकेगा। उन्होंने बताया कि जिले में जिरो टॉलरेंस नीति लागू है। किसान उर्वरक के बैग पर लिखे मूल्य पर ही उर्वरक क्रय करें तथा पॉस मशीन से बील अवश्य प्राप्त करें। अगर उर्वरक की कालाबजारी या अधिक मूल्य पर उर्वरक की बिक्री करने की शिकायत हो तो किसान जिला कृषि कार्यालय के उर्वरक कंट्रोल रुम के मोबाईल नम्बर 7903994847 दें। सूचना देने वाले किसानों का नाम गोपनीय रखते हुए सम्बंधित दुकानदारों पर त्वरित कार्रवाई की जायेगी।